Tuesday, August 4, 2020
Home Hindi डेली टिप्स परीक्षा, परीक्षा में सफलता Priksha main saflata

परीक्षा, परीक्षा में सफलता Priksha main saflata

kalash

परीक्षा, परीक्षा में सफलता

हर मनुष्य के जीवन में बचपन से जवानी तक का समय ऐसा होता है जिसमे उसे अपनी शिक्षा पूरी करनी होती है। वही समय ऐसा होता है जिसके आधार पर उनके जीवन कि दिशा और दशा का निर्धारण होता है। इसीलिए सभी माता-पिता, छात्र छात्राएं चाहते है कि उन्हें उनकी परीक्षा में श्रेष्ठ परिणाम, pariksha men shresth prinam प्राप्त हो, वह अपनी क्लास में अव्वल रहे इसके लिए सामान्यता सभी लोग बहुत मेहनत करते भी है।

लेकिन कई बार ऐसा भी होता है कि लाख प्रयास के बाद, अच्छी ट्यूशन, कोचिंग के बाद भी बहुत से छात्र छात्राओं को अच्छे परिणाम नहीं मिलते है वह लोग औसत विधार्थियों में ही रह जाते है। शास्त्रों में ऐसे बहुत से उपाय बताये गए है जिनको करने से परीक्षा में सफलता, pariksha men safalta मिलती है, विद्याअर्जन में आने वाली बाधाएं दूर होती है, विद्या प्राप्त करने का वातावरण बनने लगता है। जानिए परीक्षा में सफलता प्राप्त के उपाय, pariskha men safalta prapt karne ke upay, परीक्षा में सफलता के रामबाण उपाय, pariskha men safalta ke ramban upay, परीक्षा में सफलता कैसे पाएँ ।

hand-logo

अध्धयन कक्ष में कभी भी कोई कॉपी किताबें पेन पेंसिल को खुला न रखें ।

hand-logo

अध्धयन कक्ष में कॉपी किताबों को हमेशा उनकी नियत स्थान, बैग या अलमारी में ही सलीके से रखें, यह जरुर ध्यान रखें की पड़ाई की मेज, कुर्सी टूटी न हो, कापी, किताबें फटी न हो उन सभी पर जरा भी धूल मिटटी न रहे ,लगातार वहां पर साफ सफाई होती रहे ।

hand-logo

पड़ने की मेज पर खाना नहीं खाना चाहिए, खाना खाते समय पड़ाई की टेबिल पर कॉपी किताबें बंद करके, खाना खाने के लिए बनाये गए स्थान पर ही खाना चाहिए ।

hand-logo

हमेशा पड़ाई प्रारंभ करते समय अपने इष्ट देव का ध्यान करते हुए कॉपी किताबों को अपने मस्तक से लगाकर पड़ाई शुरू करें, यही प्रक्रिया पड़ाई को समाप्त करते समय भी दोहराएँ ।

hand-logo

पड़ने का सर्वोतम समय ब्रह्म मुहूर्त अर्थात सुबह के 4 बजे का माना गया है उस काल में पड़ाई करते समय हमें कई गुना ज्यादा और तेजी से अपना पाठ याद होता है इसलिए पड़ने वाले छात्रों को सुबह सवेरे पड़ाई की आदत अवश्य ही डालनी चाहिए ।

hand-logo

पड़ते समय छात्र का मुंह सदैव ईशान कोण ( उत्तर पूर्व ) की तरफ ही होना चाहिए इसलिए उसकी मेज इस तरह से हो की उसका मुंह ईशान कोण की तरफ ही रहे ।

hand-logo

विधार्थी को घर पर पड़ते समय जूते – मोज़े नहीं पहनने चाहिए ।

hand-logo

इमली के ताजे पत्ते ब्रहस्पति वार को अपनी किताबों में रखने से भी विधार्थी की बुद्धि त्रीव होती है ।

hand-logo

अष्ट सरस्वती यंत्र को गले में धारण करवाने से भी विधार्थी की बुद्धि का विकास होता है ।

hand-logo

मोर का पंख अपने पास रखने से विधार्थी का अपने स्कूल कालेज में सम्मान बड़ता है ।

hand-logo

ब्राम्ही का नित्य सेवन करने वाले विधार्थियों की बुद्धि त्रीव होती है स्मरण शक्ति बडती है इसलिए उन्हें परीक्षा में शानदार सफलता प्राप्त होती हैं।

माँ सरस्वती का मंत्र

या देवी सर्वभूतेषु बुद्धिरूपेणसंस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः॥

hand-logo

जिन विद्यार्थियों को परीक्षा में उत्तर भूल जाने की आदत हो, उन्हें परीक्षा में अपने पास कपूर और फिटकरी रखनी चाहिए। इससे मानसिक रूप से मजबूती बनी रहती है और यह नकारात्मक ऊर्जा को भी हटाती हैं ।

Published By : Memory Museum
Updated On : 2020-02-17 03:35:55 PM

Pandit Jihttps://www.memorymuseum.net
MemoryMuseum is one of the oldest and trusted sources to get devotional information in India. You can also find various tools to stay connected with Indian culture and traditions like Ram Shalaka, Panchang, Swapnphal, and Ayurveda.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

कार्तिक पूर्णिमा | कार्तिक पूर्णिमा का महत्त्व

कार्तिक पूर्णिमा Kartik Purnimaसृष्टि के प्रारम्भ से ही कार्तिक पूर्णिमा Kartik Purnima की तिथि...

कान दर्द के उपाय | घरेलु उपचार

सर्दी या बरसात के मौसम में कान के रोग हो जाते है। अगर इनका समय से इलाज नहीं किया गया तो सुनने...

देव दीपावली क्यों मनाई जाती है | देव दीपावली कैसे मनाएं

जब कार्तिक अमावस्या की रात को पृथ्वी लोक में बड़ी धूमधाम से दीपावली मनाई जाती है तो उस दिन दीपावली पूजा...

Worshipping During The Navratri As Per Ones’s Zodiac Sign

According to the Hindu scriptures Navratri are celebrated from the 1st day of the brighter fortnight of the CHAITRA month up to...
Translate »