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navratri ke upay, नवरात्री के उपाय,

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navratri ke upay, नवरात्री के उपाय,

हे माँ जगतजननी आप अपने भक्तो को सद्बुद्दि प्रदान करें जिससे यह सदैव धर्म के मार्ग पर चले, आप इनके जीवन के सभी अनिष्टों को दूर करें ।

नवरात्र (Navratra) के पर्व का हिन्दु धर्म में एक बहुत ही विशेष स्थान है। नवरात्रि का पर्व हर्ष उल्लास और अपने सभी सपनो को पूर्ण करने माता आदि शक्ति की कृपा पाने का पर्व है।
इस पर्व को उसी तरह से पूर्ण श्रद्धा एवं प्रसन्नता से मनाएं जिस तरह से विवाह आदि मांगलिक कार्यो में आप सक्रीय रहते है ।
इन शक्ति के दिनों आप कुछ बातो का ध्यान रखते हुए अपने जीवन के सभी संकटों को दूर करके अपना जीवन असीम आनंद से भर सकते है,

* नवरात्री में अष्टमी और नवमी के दिन माँ लक्ष्मी को केसर और इत्र अर्पित करें। फिर उसके बाद से नित्य माँ लक्ष्मी ( Maa Laxmi ) का ध्यान करते हुए स्नान के पश्चात यदि मस्तक पर शुद्ध केसर का तिलक, और इत्र लगाकर ही घर से अपने व्यवसाय में जाएँ तो धन लाभ की सम्भावना बड़ जाती है ।

* नवरात्री की अष्टमी के दिन श्रीसूक्त के रात्रि के समय 11 पाठ करने व एक पाठ से हवन करने से मां लक्ष्मी उस पर सदा प्रसन्न रहती है। इसके बाद श्री सूक्त का एक पाठ नित्य अवश्य ही करते चले।

* नवरात्री में अष्टमी के दिन पूजा में माँ लक्ष्मी को कमल का फूल / लाल पुष्प अर्पित करें। फिर अगले दिन सुबह इसे किसी लाल कपड़े में लपेटकर अपनी तिजोरी / धन स्थान पर रख दे, इससे धन में बरकत रहती है। इस फूल को हर नवरात्री में बदलते रहे।

* नवरात्री की अष्टमी के दिन लक्ष्मी मंदिर / मंदिर में माँ को सुगन्धित धूप अगरबत्ती, मिठाई चढ़ाने से माँ अपने भक्त से अति प्रसन्न होती है, सुख सौभाग्य आता है ।

* नवरात्री में पड़ने वाले बुधवार से गणपति जी को प्रसन्न करने के ये उपाय अवश्य ही करें। गणपति जी की कृपा से पूरे वर्ष कार्यों से विघ्न रहेंगे दूर, पूरी होंगी सभी मनोकामनाएं। अपने किसी भी मनोरथ की सिद्धि हेतु नवरात्री में आने वाले बुधवार से प्रात: शुरू करके लगातार गणेश जो को जायवित्री चड़ाएं और रात्रि में सोते समय थोड़ी सी जायवित्री चख कर सोएं। ऐसा लगातार 21 / 42 या 84 दिनों तक करें।

* गणपति जी की कृपा प्राप्त करने का एक और रामबाण उपाय भी है। नवरात्री में आने वाले बुधवार को विघ्न हर्ता गणेश जी को सुबह पूजा करते समय गुड़ और गाय के घी का भोग लगाएं फिर पूजा के बाद घी को अच्छी तरह से गुड़ पर लगाकर उसे ताजी बनी रोटी पर रखकर किसी गाय को खिला दें। इस उपाय को करने से गणेश जी की कृपा से कुंडली के अशुभ ग्रहों के दुष्प्रभाव दूर होते है, जीवन में सुख – समृद्धि और प्रसन्नता की कभी कोई कमी नहीं रहती है। इस उपाय को लगातार 21 बुधवार तक करते रहें।

* नवरात्र navratr में एक लाल कपड़े में ग्यारह कौड़ियाँ और तीन गोमती चक्र रख कर माता के पूजन के साथ उस पर हल्दी से तिलक करके उसे पूजा घर में रख दें । नवमी को हवन करने/कन्याओं का पूजन करने के बाद इन्हें उसी लाल कपड़े में बांधकर घर की रसोई में ऊंचाई पर बांध दें । आपके घर पर सदैव माँ लक्ष्मी का वास रहेगा ।

* नवरात्री के बुधवार के दिन एक हंडिया में सवा किलो हरी साबुत मूंग की दाल, दूसरी में सवा किलो डलिया वाला नमक भर दें। यह दोनों हंडिया घर में किसी साफ स्थान पर लाल कपड़ा बिछाकर ऐसी जगह रखें जहाँ पर बाहर वालो की निग़ाह ना पड़े। इस उपाय से घर में धन आना शुरू हो जाएगा।

* नवरात्री के शुक्रवार के दिन एक बिलकुल नया लाल सूती वस्त्र लेकर उसमें जटायुक्त नारियल बांधकर माता का स्मरण करते हुए उस नारियल से अपनी मनोकामना 7 बार कहें फिर उसे बहते हुए जल में प्रवाहित कर दें , इस उपाय से माता की कृपा मिलती है, कार्यों में आने वाली बाधाएं दूर होने लगेगीं । यह अत्यंत सिद्द उपाय है इसे बिना किसी संशय के बिलकुल चुपचाप तरीके से करना चाहिए ।

* इन दिनों यदि आप नवरात्र navratr के सभी ब्रत न भी रख पायें तो भी कम से कम पहला और आखिरी ब्रत अवश्य ही रखें। और प्याज़, लहसुन, मांस, मदिरा, बीड़ी, सिगरेट , तंबाकू और पान मसाले आदि व्यसनों का बिलकुल भी प्रयोग न करें । इन दिनों यह विशेष ध्यान दें की आप क्रोध बिलकुल भी ना करें और घर में भूल कर भी कलह-कलेश न हो ,जिस घर में कलह होती है वहां पर माता को आप कैसे बुला सकते है।

* जिस भी घर में नवरात्रि navratri को श्री सूक्त shri sukt का पाठ प्रतिदिन होता है उस घर में कभी भी आर्थिक संकट नहीं आता है ।

* अपने किसी भी संकल्प की पूर्ति लिये माँ दुर्गा को नवरात्री navratri और प्रति शुक्रवार को लाल गुलाब या लाल गुड़हल के फूलो की माला चढ़ाये । इससे सभी तरह के आर्थिक संकट , भय अवश्य ही दूर होते है।
नवरात्र से शुरू करते हुए इस उपाय को लगातार 11 अथवा 21 शुक्रवार तक करें ।

* भगवती लक्ष्मी के 18 पुत्र माने जाते हैं। इनके नाम के आरंभ में ॐ और अंत में ‘नम:’ लगाकर 21 /51 /101 बार जप करने से मनचाहे धन की प्राप्ति होती है। नवरात्र को प्रतिदिन यह उपाय करना चाहिए ।
1. ॐ देवसखाय नम:, 2. ॐ चिक्लीताय नम, 3. ॐ आनंदाय नम:, 4. ॐ कर्दमाय नम:, 5. ॐ श्रीप्रदाय नम:, 6. ॐ जातवेदाय नम:, 7. ॐ अनुरागाय नम:, 8. ॐ संवादाय नम:, 9. ॐ विजयाय नम:, 10. ॐ वल्लभाय नम:, 11. ॐ मदाय नम:, 12. ॐ हर्षाय नम:, 13. ॐ बलाय नम:, 14. ॐ तेजसे नम: 15. ॐ दमकाय नम:, 16. ॐ सलिलाय नम:, 17. ॐ गुग्गुलाय नम:, 18. ॐ कुरूंटकाय नम:।

* नवरात्र navratr में चौथे, पाँचवें और छठे दिन , नवरात्र navratr के शुक्रवार , अष्टमी और नवमी के धन लाभ के लिए प्रयोग बहुत ही शीघ्र फलदायी माने जाते है।

यदि किसी व्यक्ति के जीवन में बहुत परेशानी,अस्थिरता रहती है तो वह या उसकी पत्नी नवरात्रि navratri में दुर्गा सप्तशी का प्रतिदिन सम्पूर्ण अथवा एक या एक से अधिक पाठ करके माता की कपूर और लौंग से आरती करें तो उसके सभी संकट कटने लगते है। यदि आप या आपके घर में दुर्गा सप्तशी का पाठ कोई भी नहीं कर पा रहा है तो आप किसी योग्य ब्राहमण से भी इसका पाठ करवा सकते है।

पं मुक्ति नारायण पाण्डेय
( कुंडली, ज्योतिष विशेषज्ञ )

Published By : Memory Museum

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नवरात्र में कुछ आसान, परीक्षित उपायों को करके अपने सभी मनवाँछित फलों को प्राप्त करें ।

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