Wednesday, September 16, 2020
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Ekadashi ke upay, एकादशी के उपाय,

Ekadashi ke upay, एकादशी के उपाय,

एकादशी ( Ekadashi ) के ब्रत को सभी ब्रतो में सर्वोत्तम माना जाता है । शास्त्रों के अनुसार जो जातक भगवान विष्णु जी को प्रसन्न करने हेतु Ekadashi ke upay, एकादशी के उपाय, करता है, एकादशी के दिन भगवान विष्णु का ब्रत रखता है उनकी विधि विधानपूर्वक पूजा करता है उसे धन सम्पति की कोई भी कमी नहीं होती है उसे जीवन में सभी सुख और ऐश्वर्य प्राप्त होते है । उसे विष्णु लोक में स्थान मिलता है।

धन के सम्बन्ध में हमारे धर्म शास्त्रों में भी लिखा गया है कि –
“मित्राण्यमित्रतां यान्ति यस्य न स्यु: कपर्दका:”।
अर्थात जिस व्यक्ति के पास धन-संपत्ति न हो उसके मित्र भी अमित्र बन जाते हैं, उससे आँखे फेर लेते है ।

एकादशी Ekadashi के दिन किये गए उपायों का बहुत महत्व है। मान्यता है कि Ekadashi ke upay, एकादशी के उपाय, से सारे कष्ट दूर हो जाते है, जातक को भगवान विष्णु और माँ लक्ष्मी दोनों की असीम कृपा प्राप्त होती है।

Ekadashi ke upay, एकादशी के उपाय,

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* पापो के नाश के लिए :- एकादशी Ekadashi के दिन जल में आँवले का रस डालकर स्नान करने से बहुत पुण्य प्राप्त होता है शास्त्रों के अनुसार जो भी जातक दोनों पक्षों की एकादशियों को आँवले के रस को जल में डालकर स्नान करते हैं, उनके समस्त पाप नष्ट हो जाते हैं।

सुख सम्रद्धि के लिए :- एकादशी Ekadashi के दिन भगवान श्रीविष्णु का केसर मिश्रित दूध से अभिषेक करने से भगवान अपने भक्त से शीघ्र प्रसन्न हो जाते है जातक को जीवन में कभी भी आर्थिक संकट का सामना नहीं करना पड़ता है ,उसका घर सदैव धन धान्य से भरा रहता है ।

  • विष्णु जी – लक्ष्मी जी की कृपा के लिए :- एकादशी Ekadashi के दिन भगवान विष्णु का दक्षिणावर्ती शंख में गंगा जल / जल भरकर उस से भी अभिषेक करें । इस उपाय से माँ लक्ष्मी अत्यंत प्रसन्न होती है और जातक पर भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी दोनों की पूर्ण कृपा होती हैं।
  • कुंडली के ग्रहों के शुभ फलो के लिए :- एकादशी के दिन श्री विष्णुसहस्त्रनाम का पाठ करना परम फलदाई है, इससे भाग्य चमकता है कुंडली के ग्रहों के शुभ फल प्राप्त होते है।
  • आज एकादशी के दिन राम रामेति रामेति । रमे रामे मनोरमे ।। सहस्त्र नाम त तुल्यं । राम नाम वरानने ।।
  • इस मंत्र के पाठ से विष्णु सहस्रनाम के जप के समान पुण्य प्राप्त होता है l
  • ऐश्वर्य प्राप्ति के लिए :- एकादशी के दिन श्री सूक्त का पाठ करने से माँ लक्ष्मी उस जातक का कभी भी साथ नहीं छोड़ती है।
  • धन-धान्य एवं प्रसन्नता के लिए :- एकादशी के दिन विष्णु मंदिर / श्री कृष्ण जी के मंदिर में बाँसुरी को अच्छी तरह से सजाकर उसे भेंट करनी चाहिए।
  • विष्णु जी की कृपा के लिए :- एकादशी Ekadashi के दिन भगवान श्री विष्णु की पूजा में केसर, पीली मिठाई, नारियल, ईख अर्थात गन्ना, आँवला, सिंघाड़ा, लौंग, इलाइची, तुलसी दल ( तुलसी की पत्ती )और पीले फूल अवश्य ही चढ़ाएं ।
  • पितरो के आशीर्वाद के लिए :- एकादशी के दिन स्नान करके मंदिर में जाकर अथवा घर पर ही भगवान विष्णु जी के चित्र के सामने गीता का पाठ अवश्य ही करें, इससे पितृ प्रसन्न होते है, पितरो का आशीर्वाद मिलता है, पुण्य का संचय होता है।
  • भगवान विष्णु जी की पूजा बिना तुलसी के पूरी नहीं होती है अत: इस दिन भगवान को तुलसी अवश्य ही अर्पित करें, लेकिन यह ध्यान रखे कि तुलसी को एक दिन पूर्व ही संध्या से पूर्व तोड़ कर रख लें, क्योंकि एकादशी के दिन तुलसी को नहीं तोड़ना चाहिए।

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* अक्षय पुण्य के लिए :- एकादशी के दिन दान का बहुत ही महत्व है । प्रत्येक एकादशी के दिन पीले रंग के वस्त्र , पीले फल, पीला अनाज, पीला मिष्ठान भगवान विष्णु को अर्पण करें इसके बाद ये सभी वस्तुएं योग्य ब्राह्मण / गरीबों में दान कर दें। इस उपाय से भगवान विष्णु की कृपा बनती है कार्यों में मनवांच्छित सफलता प्राप्त होती है ।

  • धन लाभ के लिए :- एकादशी के दिन सात पीली कौड़ियों और सात हल्दी की गाँठो को पीले कपडे में लपेटकर तिजोरी में रखे, इस उपाय को करने से भगवान श्री विष्णु के साथ साथ माँ लक्ष्मी की भी पूर्ण कृपा मिलती है, धन संपत्ति की कोई भी कमी नहीं रहती है।
  • सुख सम्रद्धि के लिए :- एकादशी के दिन प्रात: भगवान श्री विष्णु जी की पूजा में 11 रुपये रखे और पूजा के बाद वह रुपये अपने धन स्थान में रखे इससे घर में सुख-समृद्धि की कोई भी कमी नहीं होती है।

Published By : Memory Museum
Updated On : 2020-06-27 06:21:55 PM

pandit-ji

आचार्य मुक्ति नारायण पाण्डेय जी
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